नाना पाटेकर के निधन से फिर जीवंत हुईं तीन दशक पुरानी यादें, नर्मदा तट की तस्वीरें वायरल

21 दिसंबर 1996 को छोटी कसरावद में आयोजित नर्मदा बचाओ आंदोलन की आमसभा की तस्वीरें सोशल मीडिया पर चर्चा में

दैनिक ध्रुव वाणी बड़वानी

अभिनेता नाना पाटेकर के निधन की खबर के बीच बड़वानी जिले के समीप नर्मदा तट से जुड़ी करीब तीन दशक पुरानी यादें फिर ताजा हो गई हैं। सोशल मीडिया पर 21 दिसंबर 1996 को छोटी कसरावद में आयोजित नर्मदा बचाओ आंदोलन की आमसभा की तस्वीरें साझा की जा रही हैं। इन तस्वीरों के जरिए नर्मदा घाटी के उस दौर के जनआंदोलन की झलक एक बार फिर लोगों के सामने आई है।

आमसभा में शामिल हुए थे बाबा आमटे

इन तस्वीरों से जुड़ी जानकारी के अनुसार, कार्यक्रम में प्रख्यात सामाजिक कार्यकर्ता बाबा आमटे भी शामिल हुए थे। आमसभा में बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी उस दौर में नर्मदा घाटी के मुद्दों को लेकर बनी जनभागीदारी को दर्शाती है।

नर्मदा बचाओ आंदोलन ने बांध निर्माण, विस्थापन और प्रभावित परिवारों के अधिकारों जैसे मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई थी। छोटी कसरावद में आयोजित यह आमसभा भी उसी दौर की स्मृतियों से जुड़ी बताई जा रही है।

पुरानी तस्वीरों ने ताजा कीं आंदोलन की यादें

करीब 30 साल पुरानी इन तस्वीरों के सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद लोग नर्मदा घाटी के संघर्ष और उससे जुड़े सामाजिक सरोकारों को याद कर रहे हैं। तस्वीरें उस दौर के जनजीवन और आंदोलन की गतिविधियों का दृश्यात्मक दस्तावेज बनकर सामने आई हैं।नर्मदा तट की ये पुरानी तस्वीरें समय के साथ धुंधली नहीं हुईं, बल्कि एक दौर के संघर्ष, जनभागीदारी और सामाजिक चेतना की यादें फिर जीवंत कर रही हैं।